June 3, 2022

    MBBS डाक्टर बनल राम, चमकेलक मिथिला-मधेशक नाम

    वीरगन्जस्थित नेसलन मेडिकल कलेजमे एमबीबीएस अध्ययनरत रामजी राम एमबीबीएस उत्तिर्ण कएलनि। एमबिबिएस चारिम वर्षक परीक्षा देबाक क्रममे परीक्षा हलसँ निकालल…
    July 20, 2022

    Maithili Translation आ Google

    आजुक आधुनिक युगमे अनुवादक महत्ता आ उपादेयताके विश्व भरिमे स्वीकार कएल जा चुकल छै । वैदिक युगक ‘पुन: कथन’ सँ…
    November 10, 2021

    गौरवमय परम्पराक धरोहर ‘छठि’ पावनि

    धीरेन्द्र प्रेमर्षि लोकआस्थाक महापर्व- छठि। सूर्यषष्ठीसँ अपभ्रंस होइत षष्ठी आ छठि बनल एक विशिष्ट पावनि, जे प्राचीन तिरहुत/मिथिलाक दोसर महत्त्वपूर्ण…
    February 22, 2022

    पूर्वाञ्चल क्याम्पस धरानमे पहिल बेर मातृभाषा कविता प्रतियोगिता

    NTBNS द्वारा मनाएल गेल अन्तर्राष्ट्रिय मातृभाषा दिवसपर ERC NTBNS साँझ अन्तर्राष्ट्रिय मातृभाषा दिवसक अवसरमे पूर्वाञ्चल ईन्जिनियरिङ्ग क्याम्पस स्थित नेपाल तराई…
    May 6, 2022

    “Music Maithili” मैथिलीके पहिल Music Streaming वेव आ एप आब हेत रिलिज

    मैथिली गीत सङ्गीतके इतिहासमे पहिल बेर मैथिलीक अपन Music Streaming वेव आ एप तैयारीक अन्तिम क्रममे अछि। विगत एक सालसँ…
      Story
      September 9, 2020

      लास – सुरेन्द्र लाभ ( मैथिलीमे संवेदनशील कथा लोक शेैलीमे)

      – कह’  लाससुन ! जंगल मे परल परल के हन लगइ हओ ? – की किहयो ? तँहू लाश आ…
      Story
      September 1, 2020

      अनन्त पूजा किए ? मिथिला-मधेशमे अनन्त पूजा मनाबैत…

      अनन्त चतुर्दशी,जेना कि नामेसँ एकटा महत्वपूर्ण बात प्रष्ट होइ छै “अनन्त” (Infinity) वा असिमित । ई दिन कहियो अनन्त नइँ…
      Interview
      November 4, 2020

      Maithili Comedy जगतके सर्वाधिक चर्चित ‘रामलाल’ सँ ४५ म जन्मदिनपर बातचीत

      मिथिलाक गाम-गामसँ होइत शहर-बस्ती मात्र नइँ राष्ट्रीय-अन्तर्राष्ट्रीय जगतमे अपन प्रसिद्धिक परचम लहरेनिहार हास्य जगतक श्रोताके मोनक मञ्चके ‘हिरो हिरालाल’ छथि…
      Story
      November 15, 2020

      ‘जन-जनके भाषा मैथिली’ लघुुकथा “सिरहावाली”

      निलम, हमर घरवाली छी ।ओना हमरा कोनो बाहरवाली नइँ छै मुदा लाेकसब पत्नीकेँ घरबाली कहै छै, त’ हमहूँ सेहए कहलाैँ…
      Story
      November 10, 2020

      मैथिली लघुकथा – ‘ललका बेल्ट’ : श्यामपृत मण्डल

      पहिल मैथिली लघुकथा ~माए गै ! हमहूँ हटिया जेबै ! ~से किया रे ? नइँ जो, साँझ पैड़ गेलै, दोसर…
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